6

भारत में कोरोना वैक्सीन टीकाकरण का अभियान तेज हो गया है। बड़ी संख्या में लोग वैक्सीन लगवाने के लिए टीकाकरण केंद्र पहुंच रहे हैं। झारखंड चाईबासा के गुलशन लोहार (Gulshan Lohar) जब मंगलवार वैक्सीन लगवाने के लिए वैक्सीन सेंटर पहुंचे तो डॉक्टर भी असमंजस में पड़ गए कि उन्हें वैक्सीन कहां लगाएं। दरअसल गुलशन के दोनों हाथ नहीं थे। कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) का डोज अब तक सिर्फ हाथ में ही लगाया जा रहा है लेकिन गुलशन के साथ ऐसा होना संभव नहीं था। गुलशन ने इस दौरान डॉक्टर्स से कहा कि उन्होंने वैक्सीन का डोज पैर में लगा दें, जिसके बाद कोरोना वैक्सीन का डोज डॉक्टर ने उन्हें जांघ पर लगाया। इसके बाद स्वास्थ्यकर्मियों ने गुलशन की तारीफ़ की।

गुलशन को टीका लगवाने के बाद किसी भी तरह की कोई परेशानी नहीं हुई। संक्रमण के खतरे को देखते हुए जहां आज भी कुछ लोग वैक्सीन लगवाने के लिए तैयार नहीं हैं और अफवाह फैला रहे है। वहीं झारखंड के रहने वाले गुलशन वैक्सीन लगवाने के लिए एक प्रेरणा हैं। वैक्सीन की लगवाने के गुलशन ने बताया कि उन्हें कोई परेशानी नहीं हुई। वैक्सीन केंद्र पर मौजूद डॉ. नरेन्द्र सुम्ब्रई ने बताया कि कोरोना वैक्सीन बिल्कुल सुरक्षित है। देश के सभी नागरिकों को अपनी बारी आने पर वैक्सीन लगवानी चाहिए। वैक्सीन ही कोरोना संक्रमण के खिलाफ सिर्फ के असरदार हथियार है।

भारत में अब तक 31,72,66,106 लोग वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन करवा चुके हैं। 29,12,72,058 वैक्सीन के डोज अब तक लग चुके हैं। देश में सोमवार को कोरोना वैक्सीन के 85 लाख 15 हजार 765 टीके लगाए गए थे। इससे पहले 5 अप्रैल को 43 लाख से ज्यादा लोगों को वैक्सीन लगाई गई थी। वहीं मंगलवार रात 11 बजे तक देश में आंकड़ों के अनुसार 54 लाख से लोगों को कोरोना वैक्सीन के टीके लगाए गए थे। 16 जनवरी से भारत में कोरोना टीकाकरण (corona vaccination) अभियान शुरू हुआ था लेकिन अब तक सिर्फ 18.1 प्रतिशत आबादी को ही वैक्सीन लगी है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here