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न्यूजीलैंड के दिग्गज खिलाड़ी जॉन राइट (John Wright) ने टीम इंडिया के खिलाड़ियों के खेल में काफी सुधार कराया। कप्तान सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) के साथ काम करते हुए जॉन ने टीम की सूरत ही बदल दी, जिससे टीम में नई ऊर्जा दिखने लगी। राइट भारतीय क्रिकेट टीम के पहले विदेशी कोच थे, जो वर्ष 2000 में बने थे। जॉन राइट पांच जून को अपना 67वां जन्मदिन मना रहे हैं। टीम इंडिया के कोच पद पर जॉन राइट पांच वर्ष रहे, जिसमे टीम ने कई बड़े मैचों में यादगार जीत दर्ज की। John Wright, Sourav Ganguly, slapped Sehwag, Ganguly turned red in anger, Sachin Tendulkar, Rajeev Shukla

2001 में जब ऑस्ट्रेलिया लगातार पूरी को दुनिया को हारते हुए भारत पहुंची तो टीम इंडिया ने उसे कोलकाता टेस्ट हराया था। इस जीत के बाद टीम नई ऊर्जा देखने को मिली, जो इंग्लैंड में नेटवेस्ट ट्रॉफी के फाइनल में दिखी। जहां टीम ने जीत दर्ज की। गांगुली और जॉन के बीच रिश्ते भी काफी बेहतर थे, यही वजह थी कि टीम लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही थी।विजडन एंथोलॉजी 1978-2006: क्रिकेट एज ऑफ रेवोल्यूशन किताब में लिखा है कि ‘टीम इंडिया के कोच जॉन राइट और कप्तान सौरव गांगुली ने जिस नई टीम को तैयार करने के लिए प्रतिबद्ध थे। वो कागज पर लिखे कुछ विचारों से ज्यादा ही मजबूत होती जा रही थी।

फिर एक दिन गांगुली और राइट के बीच ऐसा कुछ हुआ कि सब कुछ बदल गया। बीसीसीआई के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने वर्ष 2013 में एक कार्यक्रम में बताया था कि टीम इंडिया के विस्फोटक बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग (Virender Sehwag) की बल्लेबाजी से जॉन खुश नहीं थे। सहवाग लगातार स्कोर करके ने असफल हो रहे थे। ऐसे में एक दिन जॉन को सहवाग पर इतना गुस्सा आ गया कि उन्होंने उसे थप्पड़ मार दिया। उस समय राजीव शुक्ला (Rajeev Shukla) टीम के मैनेजर थे। उनका कहना है कि सौरव को जैसे जानकारी हुई कि सहवाग को जॉन ने थप्पड़ मारा है तो वो भड़क गए।

सौरव चाहते थे कि जॉन सहवाग से माफ़ी मांगे, जिसे राजीव ने उनसे कहा कि वो जॉन से इस मुद्दे पर बात करेंगे। जॉन ड्रेसिंग रूम के बाहर पी रहे थे और राजीव वहां पहुंचे और उन्होंने इस मुद्दे को उठाया तो जॉन ने कहा कि उन्होंने सहवाग को बतौर एक टीचर तरह गुस्सा उतारा है। जॉन ने बताया कि उन्होंने मारा भी नहीं है सिर्फ धक्का ही दिया था। सहवाग एक ही गलती बार-बार कर रहा है। जो मुझे बर्दाश्त नहीं थी।

राजीव ने सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) से भी इस मुद्दे पर बात की तो सचिन ने कहा कि जॉन से माफी मंगवाना सही नहीं है। इसके बाद सहवाग से से राजीव ने बात की तो वो भी समझ गए, जिसके बाद सहवाग ने भी कहा कि जॉन को माफ़ी नहीं मांगनी चाहिए। तब जाकर ड्रेसिंग रूम में माहौल शांत हो गया।

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