10

कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए पीएम ने दिल्ली से सटे नोएडा के सेक्टर-39 स्थित राष्ट्रीय कैंसर रोकथाम एवं शोध संस्थान (एनआइसीपीआर), मुंबई एवं कोलकाता में शुरू होने जा रही हाई टेक लैब का उद्घाटन वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए किया। इस दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे भी वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि देश के करोड़ों लोग कोरोना जैसी जानलेवा वैश्विक महामारी से बहुत बहादुरी से लड़ रहे हैं।

आज जिस Hi-tech State of the Art टेस्टिंग फेसिलिटी की लांचिंग हुई है उससे पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश को कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई को और मजबूती मिलेगी। पीएम ने कहा कि दिल्ली- NCR, मुंबई एवं कोलकाता, आर्थिक गतिविधियों के बड़े सेंटर हैं। अब इन तीनों जगहों पर टेस्ट की जो उपलब्ध कपैसिटी है, उसमें 10 हज़ार टेस्ट की कैपेसिटी और जुड़ने जा रही है।

पीएम मोदी ने कहा कि यह एक बड़ा बड़ा चैलेंज था कि कोरोना के खिलाफ लड़ाई के लिए देश में Human Resource को तैयार करना, जितने कम समय में हमारे पैरामेडिक्स, आशावर्कर्स, ANM, आंगनबाड़ी और दूसरे Health और Civil Workers को प्रशिक्षित किया गया वो भी अभूतपूर्व है।

अब देश में ही बन रहे मास्क और पीपीई किट 

उन्होंने बताया कि 6 महीना पहले देश में एक भी पीपीई मैन्यूफैक्चरर नहीं था। आज 1200 से ज्यादा  मैन्यूफैक्चरर सेंटर है और हर रोज 5 लाख से ज्यादा PPE किट देश में ही बनाई जा रही हैं। एक समय भारत N-95 मास्क भी बाहर से ही मंगवाता था। आज भारत में 3 लाख से ज्यादा N-95 मास्क हर रोज बन रहे हैं।

पीएम ने कहा कि कोरोना के खिलाफ इस बड़ी और लंबी लड़ाई के लिए सबसे महत्वपूर्ण था कि देश में तेजी के साथ Corona Specific Health Infrastructure का निर्माण हो। इसी वजह से शुरुआत में ही केंद्र सरकार ने इसके लिए 15 हजार करोड़ रुपए के पैकेज का ऐलान कर दिया था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here